Sunday, 20 March 2022

पापमोचिनी एकादशी की यहां पढ़ें पावन व्रत कथा, च्यवन ऋषि के पुत्र मेधावी और अप्सरा से जुड़ी है कहानी

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, भगवान विष्णु को समर्पित एकादशी व्रत रखने से सुख-समृद्धि और वैभव की प्राप्ति होती है। हिंदू पंचांग के अनुसार, चैत्र मास के कृष्ण पक्ष में पड़ने वाले एकादशी को पापमोचिनी एकादशी कहा जाता है। कहते हैं कि पापमोचिनी एकादशी व्रत रखने से मनुष्य के सभी पाप नष्ट हो जाते हैं और अंत में मोक्ष की प्राप्ति होती है।

 

पापमोचिनी एकादशी महत्व- शास्त्रों में बताया गया है कि पापमोचिनी एकादशी व्रत को करने से ग्रहों का अशुभ प्रभाव दूर किया जा सकता है। इसके साथ ही चंद्रमा भी जातक को शुभ फल प्रदान करता है। मान्यता है कि भगवान विष्णु को एकादशी का दिन प्रिय है। ऐसे में इस दिन भगवान विष्णु की विधि-विधान से पूजा करनी चाहिए। कहते हैं कि इस व्रत को रखने वालों को संसार के सभी सुख प्राप्त होते हैं।
 

पापमोचिनी एकादशी व्रत कथा- शास्त्रों में वर्णित है कि भगवान कृष्ण ने स्वंय पांडु पुत्र अर्जुन को पापमोचिनी एकादशी व्रत का महत्व बताया था। कहा जाता है राजा मांधाता ने लोमश ऋषि से जब पूछा कि अनजाने में हुए पापों से मुक्ति कैसे हासिल की जाती है? तब लोमश ऋषि ने पापमोचनी एकादशी व्रत का जिक्र करते हुए राजा को एक पौराणिक कथा सुनाई थी। कथा के अनुसार, एक बार च्यवन ऋषि के पुत्र मेधावी वन में तपस्या कर रहे थे। उस समय मंजुघोषा नाम की अप्सरा वहां से गुजर रही थी। तभी उस अप्सरा की नजर मेधावी पर पड़ी और वह मेधावी पर मोहित हो गईं। इसके बाद अप्सरा ने मेधावी को अपनी ओर आकर्षित करने के लिए ढेरों जतन किए।

मंजुघोषा को ऐसा करते देख कामदेव भी उनकी मदद करने के लिए आ गए। इसके बाद मेधावी मंजुघोषा की ओर आकर्षित हो गए और वह भगवान शिव की तपस्या करना ही भूल गए। समय बीतने के बाद मेधावी को जब अपनी गलती का एहसास हुआ तो उन्होंने मंजुघोषा को दोषी मानते हुए उन्हें पिशाचिनी होने का श्राप दे दिया। जिससे अप्सरा बेहद ही दुखी हुई।

अप्सरा ने तुरंत अपनी गलती की क्षमा मांगी। अप्सरा की क्षमा याचना सुनकर मेधावी ने मंजुघोषा को चैत्र मास की पापमोचनी एकादशी के बारे में बताया। मंजुघोषा ने मेधावी के कहे अनुसार विधिपूर्वक पापमोचनी एकादशी का व्रत किया। पापमोचिनी एकादशी व्रत के पुण्य प्रभाव से उसे सभी पापों से मुक्ति मिल गई। इस व्रत के प्रभाव से मंजुघोषा फिर से अप्सरा बन गई और स्वर्ग में वापस चली गई। मंजुघोषा के बाद मेधावी ने भी पापमोचनी एकादशी का व्रत किया और अपने पापों को दूर कर अपना खोया हुआ तेज पाया था।


Monday, 10 January 2022

साल 2022 में पड़ेंगी इतनी एकादशी, जानें तिथि और एकादशी के नाम यहां

एकादशी व्रत बहुत ही ज्यादा महत्वपूर्ण है। इस व्रत को रखने की मान्यता यह है कि इससे पितरों को स्वर्ग की प्राप्ति होती है। स्कन्द पुराण में भी एकादशी व्रत के महत्व का उल्लेख मिलता है। ऐसे में आइए जानते हैं आने वाले साल 2022 में पड़ने वाली एकादशी और उनकी तिथियों के बारे में।  


हिंदू पंचांग की ग्यारहवीं तिथि को एकादशी कहते हैं। प्रत्येक मास  में एकादशी दो बार आती है। एक शुक्ल पक्ष की एकादशी कहलाती है और दूसरी कृष्ण पक्ष की। पूर्णिमा के बाद आने वाली एकादशी को कृष्ण पक्ष की एकादशी और अमावस्या के बाद आने वाली एकादशी को शुक्ल पक्ष की एकादशी कहते हैं।

एकादशी व्रत का महत्व 

एकादशी व्रत बहुत ही ज्यादा महत्वपूर्ण है। इस व्रत को रखने की मान्यता यह है कि इससे पितरों को स्वर्ग की प्राप्ति होती है। स्कन्द पुराण में भी एकादशी व्रत के महत्व का उल्लेख मिलता है। जो भी व्यक्ति इस व्रत को रखता है उनके लिए एकादशी के दिन धान, मसाले और सब्जियां आदि का सेवन वर्जित होता है। भक्त एकादशी व्रत की तैयारी एक दिन पहले यानि कि दशमी से ही शुरू कर देते हैं। दशमी के दिन श्रद्धालु प्रातः काल जल्दी उठकर स्नान करते हैं और इस दिन वे बिना नमक का भोजन ग्रहण करते हैं। एकादशी व्रत करने का नियम बहुत ही सख्त होता है जिसमें व्रत करने वाले को एकादशी तिथि के पहले सूर्यास्त से लेकर एकादशी के अगले सूर्योदय तक उपवास रखना पड़ता है। ऐसे में आइए जानते हैं आने वाले साल 2022 में पड़ने वाली एकादशी और उनकी तिथियों के बारे में।

दिनांक दिन एकादशी
13 जनवरी गुरुवार पौष पुत्रदा एकादशी
28 जनवरी शुक्रवार षटतिला एकादशी
12 फरवरी शनिवार जया एकादशी
27 फरवरी रविवार विजया एकादशी
14 मार्च सोमवार आमलकी एकादशी
28 मार्च सोमवार पापमोचिनी एकादशी
12 अप्रैल मंगलवार कामदा एकादशी
26 अप्रैल मंगलवार वरुथिनी एकादशी
12 मई गुरुवार मोहिनी एकादशी
26 मई गुरुवार अपरा एकादशी
11 जून शनिवार निर्जला एकादशी
24 जून शुक्रवार योगिनी एकादशी
10 जुलाई रविवार देवशयनी एकादशी
24 जुलाई रविवार कामिका एकादशी
08 अगस्त सोमवार श्रावण पुत्रदा एकादशी
23 अगस्त मंगलवार अजा एकादशी
06 सितंबर मंगलवार परिवर्तिनी एकादशी
21 सितंबर बुधवार इन्दिरा एकादशी
06 अक्तूबर गुरुवार पापांकुशा एकादशी
21 अक्तूबर शुक्रवार रमा एकादशी
04 नवंबर शुक्रवार देवोत्थान एकादशी
20 नवंबर रविवार उत्पन्ना एकादशी
03 दिसंबर शनिवार मोक्षदा एकादशी
19 दिसंबर सोमवार सफला एकादशी
  

 

 

Sunday, 1 August 2021

नियमित करें हनुमान चालीसा का पाठ और पाएं बजरंगबली का आशीर्वाद

दोहा
 

श्रीगुरु चरन सरोज रज निजमनु मुकुरु सुधारि।
बरनउँ रघुबर बिमल जसु जो दायकु फल चारि।।
 

बुद्धिहीन तनु जानिके, सुमिरौं पवन-कुमार।
बल बुधि बिद्या देहु मोहिं, हरहु कलेस बिकार।।



चौपाई :

जय हनुमान ज्ञान गुन सागर।
जय कपीस तिहुं लोक उजागर।।

रामदूत अतुलित बल धामा।
अंजनि-पुत्र पवनसुत नामा।।

महाबीर बिक्रम बजरंगी।
कुमति निवार सुमति के संगी।।

कंचन बरन बिराज सुबेसा।
कानन कुंडल कुंचित केसा।।

हाथ बज्र औ ध्वजा बिराजै।
कांधे मूंज जनेऊ साजै।

संकर सुवन केसरीनंदन।
तेज प्रताप महा जग बन्दन।।

विद्यावान गुनी अति चातुर।
राम काज करिबे को आतुर।।

प्रभु चरित्र सुनिबे को रसिया।
राम लखन सीता मन बसिया।।

सूक्ष्म रूप धरि सियहिं दिखावा।
बिकट रूप धरि लंक जरावा।।

भीम रूप धरि असुर संहारे।
रामचंद्र के काज संवारे।।

लाय सजीवन लखन जियाये।
श्रीरघुबीर हरषि उर लाये।।

रघुपति कीन्ही बहुत बड़ाई।
तुम मम प्रिय भरतहि सम भाई।।

सहस बदन तुम्हरो जस गावैं।
अस कहि श्रीपति कंठ लगावैं।।

सनकादिक ब्रह्मादि मुनीसा।
नारद सारद सहित अहीसा।।

जम कुबेर दिगपाल जहां ते।
कबि कोबिद कहि सके कहां ते।।

तुम उपकार सुग्रीवहिं कीन्हा।
राम मिलाय राज पद दीन्हा।।

तुम्हरो मंत्र बिभीषन माना।
लंकेस्वर भए सब जग जाना।।

जुग सहस्र जोजन पर भानू।
लील्यो ताहि मधुर फल जानू।।

प्रभु मुद्रिका मेलि मुख माहीं।
जलधि लांघि गये अचरज नाहीं।।

दुर्गम काज जगत के जेते।
सुगम अनुग्रह तुम्हरे तेते।।

राम दुआरे तुम रखवारे।
होत न आज्ञा बिनु पैसारे।।

सब सुख लहै तुम्हारी सरना।
तुम रक्षक काहू को डर ना।।

आपन तेज सम्हारो आपै।
तीनों लोक हांक तें कांपै।।

भूत पिसाच निकट नहिं आवै।
महाबीर जब नाम सुनावै।।

नासै रोग हरै सब पीरा।
जपत निरंतर हनुमत बीरा।।

संकट तें हनुमान छुड़ावै।
मन क्रम बचन ध्यान जो लावै।।

सब पर राम तपस्वी राजा।
तिन के काज सकल तुम साजा।

और मनोरथ जो कोई लावै।
सोइ अमित जीवन फल पावै।।

चारों जुग परताप तुम्हारा।
है परसिद्ध जगत उजियारा।।

साधु-संत के तुम रखवारे।
असुर निकंदन राम दुलारे।।

अष्ट सिद्धि नौ निधि के दाता।
अस बर दीन जानकी माता।।

राम रसायन तुम्हरे पासा।
सदा रहो रघुपति के दासा।।

तुम्हरे भजन राम को पावै।
जनम-जनम के दुख बिसरावै।।

अन्तकाल रघुबर पुर जाई।
जहां जन्म हरि-भक्त कहाई।।

और देवता चित्त न धरई।
हनुमत सेइ सर्ब सुख करई।।

संकट कटै मिटै सब पीरा।
जो सुमिरै हनुमत बलबीरा।।

जै जै जै हनुमान गोसाईं।
कृपा करहु गुरुदेव की नाईं।।

जो सत बार पाठ कर कोई।
छूटहि बंदि महा सुख होई।।

जो यह पढ़ै हनुमान चालीसा।
होय सिद्धि साखी गौरीसा।।

तुलसीदास सदा हरि चेरा।
कीजै नाथ हृदय मंह डेरा।।

दोहा :
पवन तनय संकट हरन, मंगल मूरति रूप।
राम लखन सीता सहित, हृदय बसहु सुर भूप।।

 

ATM से पैसा निकालना आज से महंगा, छुट्टी के दिन भी आएगी सैलरी-पेंशन, जानें 1 अगस्त से क्या-क्या बदलेगा

अगस्त महीने से साप्ताहिक अवकाश या सरकारी छुट्टियों के दिन वेतन या पेंशन न आने का झंझट नहीं रहेगा. यानी अगर 30, 31 तारीख को अगर शनिवार-रविवार या फिर कोई घोषित अवकाश पड़ता है तो भी सैलरी, पेंशन खाते में आएगी.  लेकिन एटीएम से धन निकासी (Cash Withdrawal) पर ग्राहकों को ज्यादा जेब ढीली करनी पड़ेगी. जानिए 1 अगस्त यानी आज से किन नियमों ) में बदलाव आ रहा है, जिसका आप पर असर पड़ेगा. आईसीआईसीआई बैंक ने भी बैंकिंग शुल्कों में बढ़ोतरी कर दी है.


रिजर्व बैंक ने पिछले माह ऐलान किया था कि नेशमल ऑटोमेटेड क्लियरिंग हाउस (NACH) की सेवाएं हफ्ते में हर दिन उपलब्ध रहेंगी. NACH एक पेमेंट सिस्टम है, जिसका संचालन नेशनल पेमेंट्स कारपोरेशन ऑफ इंडिया करता है. यह लाभांश, ब्याज, सैलरी और पेंशन ट्रांसफर का कामकाज देखती है. .यह गैस, बिजली, टेलीफोन, पानी जैसे बिलों के पेमेंट का कलेक्शन भी करती है. साथ ही लोन ईएमआई #Loan #EMI , म्यूचुअल फंड और बीमा प्रीमियम की किस्तों को इकट्ठा करने का काम भी करती है. 


ATM से धन निकासी महंगी होगी
1 अगस्त से एटीएम से धन निकासी महंगी हो जाएगी, क्योंकि एटीएम के जरिये एक बैंक से दूसरे बैंक के बीच वित्तीय लेनदेन पर लगने वाली इंटरचेंज फीस को आरबीआई ने 15 से बढ़ाकर 17 रुपये दिया है. आरबीआई ने यह फैसला जून में लिया था जो 1 अगस्त से लागू हो जाएगा. गैर वित्तीय लेनदेन के लिए भी फीस बढ़ाकर 5 से 6 रुपये कर दी गई है. इंटरचेंज फीस किसी बैंक खाताधारक द्वारा उसे मिले एटीएम कार्ड  दूसरे बैंक के एटीएम का इस्तेमाल करते वक्त लगती है.  

पोस्ट पेमेंट्स बैंक की सेवाएं भी महंगी
इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक  ने भी उसकी डोरस्टेप डिलिवरी सेवाओं  का इस्तेमाल करने वालों के लिए शुल्क बढ़ा दिया है. पोस्ट पेमेंट्स बैंक अब हर बार इन सेवाओं के लिए 20 रुपये फीस (जीएसटी अतिरिक्त) लेगा. हालांकि डोरस्टेप सर्विस के लिए जब पोस्ट पेमेंट्स बैंक का कर्मी घर आएगा तो उपभोक्ता कई बार लेनदेन कर सकता है, लेकिन चार्ज एक बार का ही लगेगा.लेकिन एक जगह पर ही अगर कई उपभोक्ता अलग-अलग उसकी सेवाओं का इस्तेमाल करते हैं तो चार्ज अलग ही लगेगा.

ICICI बैंक ने ATM लेनदेन शुल्क बढ़ाया
आईसीआईसीआई बैंक ने भी घरेलू बचत खाताधारकों के लिए एटीएम लेनदेन का शुल्क और चेक बुक चार्ज  1 अगस्त से बढ़ाने का ऐलान कर दिया है. बैंक डिपॉजिट और निकासी दोनों के लिए ही शुल्क में बदलाव किया गया है. अब सिर्फ चार बार ही मुफ्त लेनदेन एटीएम से हो सकेगा. बैंक की वेबसाइट के अनुसार, चार बार से ज्यादा नकद निकासी पर 150 रुपये का भारी भरकम शुल्क लगाया जाएगा. 

एसबीआई ने पहले ही बढ़ाया शुल्क
स्टेट बैंक  ऑफ़ इंडिया  ने 1 जुलाई से ही एटीएम से मुफ्त नकद निकासी की संख्या सीमित कर दी है. एसबीआई ने हर माह चार बार से ज्यादा एटीएम  या बैंक शाखा से नकद निकासी  पर शुल्क लगा दिया है. बेसिक सेविंग्स बैंक डिपॉजिट के खाताधारकों को 1 जुलाई से चार बार से ज्यादा एटीएम या शाखा से नकद निकासी पर अतिरिक्त शुल्क देना होगा. देश में करीब एक तिहाई बैंकिंग बचत खाताधारक एसबीआई के ही हैं. इन एसबीआई खाताधारकों को एक साल में चेकबुक  की 10 से ज्यादी लीव के इस्तेमाल पर भी अतिरिक्त शुल्क देना होगा.
 

 

'आपसी बातचीत से सुलझाएंगे सीमा विवाद', अमित शाह की दखल के बाद असम-मिजोरम के CM ने की बात

मिजोरम सरकार के सूत्रों ने एनडीटीवी को बताया, सीमा विवाद के समाधान के लिए दोनों सरकारों के बीच नए सिरे से बातचीत शुरू हो गई है." 26 जुलाई को मिजोरम-असम अंतर-राज्यीय सीमा पर संघर्ष में असम के छह पुलिस कर्मियों सहित सात लोगों के मारे जाने और कई लोगों के घायल होने के बाद असम और मिजोरम के बीच तनातनी बरकरार है.

मिजोरम के मुख्यमंत्री जोरमथांगा  ने आज केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह  और असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा  के साथ टेलीफोन पर चर्चा के बाद कहा कि असम के साथ सीमा विवाद को बातचीत के जरिए सुलझा लिया जाएगा. उन्होंने मिजोरम के लोगों से अपील की है कि स्थिति को किसी भी तरह बिगड़ने न दें.



मिजोरम सरकार के सूत्रों से पता चला है कि सीमा विवाद के समाधान के लिए दोनों सरकारों के बीच नए सिरे से बातचीत शुरू हो गई है." 26 जुलाई को मिजोरम-असम अंतर-राज्यीय सीमा पर संघर्ष में असम के छह पुलिस कर्मियों सहित सात लोगों के मारे जाने और कई लोगों के घायल होने के बाद असम और मिजोरम के बीच तनातनी बरकरार है. 

दोनों राज्यों ने संघर्ष के बाद एक-दूसरे के खिलाफ समन जारी किया और दोनों राज्यों ने ही एक-दूसरे के समन को मानने से इनकार कर दिया. मिजोरम ने इस घटना को लेकर अपनी प्राथमिकी में असम के मुख्यमंत्री और अन्य शीर्ष अधिकारियों को नामजद भी किया है. FIR में "हत्या के प्रयास" सहित भारतीय दंड संहिता की कई धाराओं के तहत आरोप लगाए गए हैं. इस पर असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने एक तटस्थ एजेंसी से मामले की जांच की मांग की थी.

अब किसकी मजाल जो हैक कर लें आपका Gmail, जानें क्या आया ये नया कमाल का फीचर

Gmail अपने यूजर्स के लिए शानदार फीचर लाने वाला है. इस फीचर का इस्तेमाल करने पर आपका अकाउंट हैक नहीं होगा. Gmail का यह फीचर जल्द ही शुरू हो जाएगा. इससे आपका जीमेल पहले की तुलना में सुपर सिक्योर हो जाएगा. आइए जानते हैं इस फीचर के बारे में.

ये हैं फीचर
Gmail में ब्रांड लोगो एक सुरक्षा सर्विस है. Google के अनुसार, इस फीचर में ब्रांड इंडिकेटर फॉर मैसेज आइडेंटिफिकेशन (BIMI) नामक एक पैरामीटर का इस्तेमाल  किया गया है जो Email को और ज्यादा सुरक्षित रखने में मदद करेगा.


 ये होगा फायदा
BIMI के स्पेसिफिकेशन फास्टमेल, Google, Mailchimp, Proofpoint,  Validity, Valimail और Verizon Media द्वारा समर्थित है. Gmail पर एक ईमेल के जरिए प्राप्त करने वाले के इनबॉक्स में एक अलग तौर पर नजर आता है. इसके जरिए कंपनियों को अपने न्यूजलेटर्स को सर्टिफाइड करने और ईमेल पेशकश समेत काफी कुछ करने में मदद करता है. इसके जरिए स्पैम और फिशिंग आदि को खत्म किया जा सकता है. कंपनी ने एक ब्लॉग पोस्ट में कहा कि एक बार जब ये  Email हमारे सभी पैमानों को पास कर लेते हैं, तो Gmail यूआईएम में मौजूदा स्लॉट में Logo दिखना शुरू हो जाएगा.


 Two Step Verification से भी होगा सिक्योर
दुनियाभर में पर्सनल ईमेल को तौर पर जीमेल का खूब इस्तेमाल होता है.  जीमेल अकाउंट को सिक्योर रखने के लिए 2एसवी की इस्तेमाल आपको भी करना चाहिए. 2एसवी फीचर की खासियत है कि कोई आपका पासवर्ड जानकर भी आपके ईमेल को ओपन नहीं कर पाएगा, क्योंकि अकाउंट को ओपन करने के लिए पासवर्ड के साथ वेरिफिकेशन कोड की जरूरत पड़ती है, जो आपके मोबाइल पर आता है. जब तक वेरिफिकेशन कोड दर्ज नहीं करेंगे, अकाउंट ओपन नहीं होगा.

 

GST Collections 2021: जीएसटी कलेक्शन में 33% की भारी उछाल, सरकारी खजाने में आए 1.16 लाख करोड़ रुपये

GST कलेक्शन के तहत जुलाई महीने ने बंपर रकम वसूली गई. इस महीने में सरकारी खजाने में गुड्स एंड सर्विसेज टैक्स से 1 लाख 16 हजार 393 करोड़ आए हैं. आपको बता दें कि  2020 के मुकाबले इसमें 33 फीसदी की बढ़ोतरी हुई है. जुलाई 2020 में जीएसटी कलेक्शन 87,422 करोड़ था. इसमें CGST 16,147 करोड़, SGST 21,418 करोड़ और IGST 42,592 करोड़ था.

2021 में बंपर जीएसटी कलेक्शन

गौरतलब है कि जुलाई 2020 में GST कलेक्शन 87,422 करोड़ था. लेकिन 33% बढ़ोतरी के साथ 2021 के जीएसटी कलेक्शन में स्टेट जीएसटी (SGST) 28541 करोड़, सेंट्रल जीएसटी (CGST) 22197 करोड़ और IGST 57864 करोड़ है. आपको बता दें कि IGST में 27,900 करोड़ इंपोर्ट से आए हैं. जबकि सेस से 7,790 करोड़ आए जिसमें 815 करोड़ इंपोर्टेड गुड्स पर लगने वाले सेस से आए हैं. जीएसटी का यह कलेक्शन 1 जुलाई से 31 जुलाई के बीच GSTR-3B फाइलिंग के जरिए हुआ है. इसके अलावा इस दौरान इंपोर्टेड गुड्स पर वसूले गए IGST और सेस को भी इसमें शामिल किया गया है.

 जून में फिसल गया था आंकड़ा 

गौरतलब है कि लगातार आठ महीने तक GST ollection एक लाख करोड़ के पार के साथ जून के महीने में 92,849 करोड़ के साथ ही यह एक लाख करोड़ के नीचे आ गया था. इसमें CGST से 16,424 करोड़, SGST से 20,397 करोड़ और IGST से 49,079 करोड़ आए थे.


 

कोरोना संक्रमण थी गिरावट की वजह 

दरअसल, जून में जीएसटी कलेक्शन में गिरावट आई थी क्योंकि अप्रैल-मई में देश कोरोना की दूसरी लहर के चपेट में था. इसके कारण लोकल स्तर पर लगभग पूरे देश में लॉकडाउन लगा हुआ था. जुलाई में कोरोना से राहत मिलते ही जीएसटी कलेक्शन भी बढ़ा है. इससे साफ पता चलता है कि इकोनॉमी में फिर से गति आई है.

UNSC की बैठक की अध्यक्षता करने वाले पहले भारतीय PM बनेंगे Narendra Modi: सैयद अकबरुद्दीन

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी यूनाइटेड नेशन सिक्योरिटी काउंसिल की बैठक की अध्यक्षता करेंगे. वे ऐसा करने वाले भारत के पहले प्रधानमंत्री होंगे. यूनाइटेड नेशन में भारत के पूर्व राजदूत सैयद अकबरुद्दीन ने कहा कि बीते 75 साल में ऐसा पहली बार हो रहा है कि भारत के प्रधानमंत्री यूनाइटेड नेशन सिक्योरिटी काउंसिल की मीटिंग की अध्यक्षता करेंगे. भारत आज (रविवार को) UNSC का अध्यक्ष बन गया है.


 

UNSC की अध्यक्षता करना गर्व की बात

सैयद अकबरुद्दीन ने कहा कि यूनाइटेड नेशन सिक्योरिटी काउंसिल की अध्यक्षता करना भारतीय राजनीतिक नेतृत्व की फ्रंट से लीड करने की भावना को दिखाता है. भारत समुद्री सुरक्षा, शांति बनाए रखने और काउंटर टेररिज्म के मुद्दे पर काम करेगा.

UNSC की मीटिंग में विदेश मंत्री भी होंगे शामिल !

फ्रांस के पास थी UNSC की अध्यक्षता

जान लें कि इससे पहले साल 1992 में भारत के प्रधानमंत्री पीवी नरसिम्हा राव ने भारत की ओर से UNSC की मीटिंग में भाग लिया था. यूनाइटेड नेशन सिक्योरिटी काउंसिल की अध्यक्षता भारत को आज (रविवार को) मिली है. इससे पहले काउंसिल का अध्यक्ष फ्रांस था.

 

Saturday, 31 July 2021

दिल्ली में लगभग 50 प्रतिशत आबादी को वैक्सीन की एक डोज लग चुकी है: अरविंद केजरीवाल

राष्ट्रीय राजधानी में कोरोना टीकाकरण को लेकर शनिवार को मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने जानकारी दी। दिल्ली में कोरोना वायरस रोधी टीके लगाने की संख्या शनिवार को एक करोड़ से अधिक हो गई और महानगर में पात्र आबादी के 50 फीसदी को टीके की कम से कम एक खुराक दी जा चुकी है। दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि दिल्ली में आज तक एक करोड़ से ज़्यादा वैक्सीन लग चुकी हैं। ये एक करोड़ वैक्सीन 74 लाख लोगों को लगी हैं, 26 लाख लोगों को वैक्सीन की दोनों डोज़ लगी हैं और बाकी लोगों को वैक्सीन की एक डोज़ लगी है। दिल्ली में लगभग 50 प्रतिशत आबादी को कोरोना वैक्सीन की एक डोज़ लग चुकी है।


 

दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि अब तक 74 लाख लोगों को कोविड-19 रोधी टीके की एक करोड़ से अधिक खुराक दी जा चुकी है, इनमें से 26 लाख लोगों को दोनों खुराक लग चुकी हैं। दिल्ली में टीकाकरण के लिए योग्य 1.5 करोड़ लोगों में से 50 प्रतिशत को कम से कम एक खुराक लग चुकी है

मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने उम्मीद जताई कि महानगर में और टीके जल्द उपलब्ध होंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि राष्ट्रीय राजधानी की आबादी करीब दो करोड़ है और उनमें से डेढ़ करोड़ लोग कोविड-19 का टीका लगवाने के पात्र हैं। मुख्यमंत्री ने ऑनलाइन संवाददाता सम्मेलन में कहा, ‘‘डेढ़ करोड़ पात्र आबादी में से 74 लाख लोगों को टीका लग चुका है। इसलिए 50 फीसदी लोगों को कम से कम एक खुराक टीका दिया जा चुका है। इन 74 लाख लोगों में से 26 लाख को टीके की दोनों खुराक दी जा चुकी है।’’

 

बाबुल सुप्रियो ने राजनीति से संन्यास का ऐलान किया, फेसबुक पर लिखा 'अलविदा'

भारतीय जनता पार्टी के सांसद और मशहूर पार्श्व गायक बाबुल सुप्रियो ने राजनीति से संन्यास का ऐलान किया है। उन्होंने फेसबुक पोस्ट के जरिए राजनीति से संन्यास का ऐलान किया है। उन्होंने राजनीति को गुडबाई कहने के साथ ही यह भी लिखा है कि वो किसी पार्टी में शामिल नहीं होंगे। वे न तो टीएमसी, न कांग्रेस और न ही सीपीएम में शामिल होंगे। बाबुल सुप्रियो पश्चिम बंगाल के आसनसोल से बीजेपी के सांसद हैं। उन्होंने फेसबुक पोस्ट में लिखा है कि बीजेपी मेरी पार्टी थी और मेरी पार्टी रहेगी। 

 

 उन्होंने अपने पोस्ट में लिखा कि राजनीति में सिर्फ समाज सेवा के लिए आए थे और अब उन्होंने अपनी राह बदलने का फैसला लिया है। बाबुल सुप्रियो ने कहा है कि लोगों की सेवा करने के लिए राजनीति में रहने की जरूरत नहीं है। वे राजनीति से अलग होकर भी अपने उस उदेश्य को पूरा कर सकते हैं।

यह निर्णय आंशिक रूप से उन्होंने मंत्री पद जाने और भाजपा की पश्चिम बंगाल इकाई के नेतृत्व के साथ मतभेदों के कारण लिया है। सुप्रियो, जिन्होंने 2014 से नरेंद्र मोदी सरकार में केन्द्रीय राज्य मंत्री (एमओएस) के रूप में कई विभागों को संभाला था, को इस महीने की शुरुआत में एक बड़े मंत्रिमंडल फेरबदल के दौरान हटा दिया गया था।

सुप्रियो ने एक फेसबुक पोस्ट में लिखा, ‘‘जा रहा हूं अलविदा। अपने माता-पिता, पत्नी, दोस्तों से बात की और उनकी सलाह सुनने के बाद मैं कह रहा हूं कि मैं जा रहा हूं। मैं किसी अन्य पार्टी में नहीं जा रहा हूं - तृणमूल कांग्रेस, कांग्रेस, माकपा, कहीं नहीं। मैं पुष्टि कर रहा हूं कि किसी ने मुझे फोन नहीं किया है।’’ उन्होंने लिखा, ‘‘मैं कहीं नहीं जा रहा हूं। मैं एक टीम का खिलाड़ी हूं! हमेशा एक टीम मोहन बागान का समर्थन किया है - केवल एक पार्टी के साथ रहा हूं - भाजपा पश्चिम बंगाल। बस !! जा रहा हूं।’’

उन्होंने लिखा, ‘‘मैं बहुत लंबे समय तक रहा हूं मैंने किसी की मदद की है, किसी को निराश किया है, यह लोगों को तय करना है। सामाजिक कार्यों में शामिल होने के लिए, आप किसी भी राजनीति में शामिल हुए भी बिना ऐसा कर सकते हैं।’’ आसनसोल से दो बार के सांसद सुप्रियो उन कई मंत्रियों में शामिल हैं, जिन्हें सात जुलाई को एक बड़े फेरबदल के तहत केंद्रीय मंत्रिपरिषद् से हटा दिया गया था।

पिछले विधानसभा चुनाव में उन्होंने तृणमूल कांग्रेस के अरूप बिस्वास के खिलाफ विधानसभा चुनाव लड़ा और उन्हें हार का सामना करना पड़ा था। सुप्रियो और देबाश्री चौधरी दोनों को मंत्री पद से हटा दिया गया था। पश्चिम बंगाल के चार अन्य सांसदों- निशित प्रमाणिक, शांतनु ठाकुर, सुभाष सरकार और जॉन बारला को मंत्रिपरिषद् में राज्य मंत्री के रूप में शामिल किया गया। उन्होंने लिखा, ‘‘अगर कोई यह पूछे कि क्या राजनीति छोड़ना किसी तरह से मंत्रालय खोने से जुड़ा है। हां, तो यह कुछ हद तक सही है। विधानसभा चुनाव प्रचार के बाद से राज्य नेतृत्व के साथ भी मतभेद थे।’’ पार्टी की राज्य इकाई के अध्यक्ष दिलीप घोष ने इस पर कोई प्रतिक्रिया देने से इनकार कर दिया।

 

Friday, 30 July 2021

हथिनी कुंड के पानी से बाढ़ का खतरा, दिल्ली में अगले 24 घंटे में लाल निशान तक पहुंच सकती है यमुना

 पिछले 24 घंटे से लगातार हो रही बारिश के चलते हथिनी कुंड में बढ़ते पानी को लगातार छोड़ा जा रहा है. यही वजह है कि अभी खतरे के निशान से नीचे चल रही यमुना नदी का पानी अगले 24 घंटे में खतरे के निशान को छू सकता है.

दिल्ली सरकार में जलमंत्री और फ्लड एंड इरिगेशन मिनिस्टर सत्येन्द्र जैन ने कहा कि संभावना है कि अगले 24 से 48 घंटे तक जलस्तर खतरे के निशान तक पहुंच जाएगा. यह निर्भर करता है कि हथिनी कुंड से और कितना पानी छोड़ा जाएगा.



बाढ़ से निपटने तैयार दिल्ली सरकार
मंत्री ने कहा कि दिल्ली सरकार ने पूरी तैयारियां की हुई है, अगर फ्लड की स्थिति पैदा होती है तो हम तैयार हैं. जैसे ही यमुना का स्तर खतरे के निशान के पास पहुंचेगा अलर्ट जारी कर दिया जाएगा. लो-लाइन के पास यमुना के किनारे जितने भी इलाके हैं, वह प्रभावित होते हैं. उन इलाकों चिह्नित किया हुआ है, जिसकी लिस्ट भी जारी की जाएगी. सारे डीएम की ड्यूटी लगाई गई है. अभी ऐसी स्थिति नहीं आई है कि फ्लडलाइन के इलाकों को खाली कराया जाए !

गलियों में भरा पानी, निकासी की व्यवस्था दुरुस्त नहीं
दिल्ली के वजीराबाद क्षेत्र में बीते गुरुवार की दोपहर बाद आई बारिश के बाद गलियों में लबालब पानी भर गया. वजीराबाद क्षेत्र में पानी की निकासी की व्यवस्था न होने के कारण लोगों के घरों में भी पानी भर गया. गलियों में गाड़ियों के आधे टायर डूबे हुए नजर आए. यमुना नदी में हथिनीकुंड बैराज से छोड़ा गया पानी करनाल पहुंच गया है.

यमुना नदी से जुड़े हुए खेतों में पानी पहुंचने से सब्जियों और फसलों को नुकसान हुआ है. किसानों को अपने खेत में फसलों के पास जाने के लिए टयूब का सहारा लेना पड़ रहा है. वहीं किसानों का कहना है फसलें, सब्जियां खराब हो जाती हैं, पर प्रशासन की कोई मदद नहीं मिलती !

Tuesday, 27 July 2021

जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ में बादल फटने से 4 की मौत, 39 लापता

जम्मू और कश्मीर के किश्तवाड़ के एक गांव में बादल फटने से चार लोगों की मौत हो गई. मिली जानकारी के अनुसार किश्तवाड़ जिले के होनजर इलाके में यह हादसा हुआ. बुधवार सुबह लगभग 4:20 के करीब बादल फटने से 6-8 घर उसकी चपेट में आ गए. बादल फटने के बाद कई लोग लापता हैं. राहत और बचाव कार्य के लिए सेना पुलिस और प्रशासन की टीमें मौके पर पहुंची हैं और रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है. मिली जानकारी के अनुसार यह हादसा डच्चन के ऐसे इलाके में हुई है जहां पर सड़क नहीं है.  इस हादसे में  6-8 घरों समेत 1 राशन डिपो को नुकसान पहुंचा है. वहीं 4 बकरवाल समेत 35 लोग लापता हैं. इस में से अब तक 4 शव बरामद किए गए हैं.



बसवराज बोम्मई ने ली कर्नाटक के नए CM पद की शपथ, लगे भारत माता की जय के नारे

 राज्य में तीन डिप्टी सीएम भी बनाए जा सकते हैं. भाजपा सूत्रों के मिली जानकारी के मुताबिक आर.अशोक, गोविंद करजोल  और बी. श्रीरामालु को डिप्‍टी सीएम का पद दिया जा सकता है.


 राज्‍य के नए मुख्‍यमंत्री के तौर पर शपथ ग्रहण कर लिया है. मंगलवार को भारतीय जनता पार्टी की विधायक दल की बैठक के बाद भाजपा केंद्रीय नेतृत्व के पर्यवेक्षक केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने बसवराज बोम्‍मई के नाम का ऐलान किया था. बोम्मई के सीएम बनने का प्रस्ताव खुद, कार्यवाहक सीएम बीएस येडियुरप्पा ने रखा था.


बता दें अशोक, येडियुरप्पा की सरकार में राजस्व मंत्री थे. वहीं गोविंद करजोल पहले से ही डिप्टी सीएम के पद पर थे. इसके साथ ही श्रीरामलु, कर्नाटक सरकार में समाज कल्याण मंत्री थे.

 

Thursday, 15 July 2021

बेरोजगारी पर विपक्ष ऐसी संस्था के आंकड़ों ‌का करता है जिक्र, जिसकी कोई साख नहीं : मनोहर लाल

हरियाणा के मुख्यमंत्री ने कहा कि जनवरी से मार्च 2020 के बीच हरियाणा में बेरोजगारी दर 7 प्रतिशत थी, जबकि सीएमआईई की रिपोर्ट में यह 23.7 प्रतिशत दिखाई गई. 

हरियाणा के मुख्यमंत्री  मनोहर लाल ने कांग्रेस नेता भूपेंद्र सिंह हुड्डा द्वारा हरियाणा में बढ़ रही बेरोजगारी दर के बयान पर पलटवार किया है. उन्होंने कहा है कि विपक्ष के नेता हर बार एक ऐसी संस्था की रिपोर्ट का जिक्र करते हैं, जिसकी अपनी कोई साख नहीं है.

मुख्यमंत्री ने कहा कि राष्ट्रीय सांख्यिकीय संगठन की मार्च  2020 की रिपोर्ट के अनुसार जनवरी से मार्च, 2020 के बीच हरियाणा में बेरोजगारी दर 7 प्रतिशत थी, जबकि सेंटर फॉर मॉनिटरिंग इंडियन इकोनॉमी ( CMIE) की रिपोर्ट में यह 23.7 प्रतिशत दिखाई गई. इसलिए भूपेंद्र सिंह हुड्डा द्वारा हरियाणा में बेरोजगारी दर में वृद्धि पर की जा रही बयानबाजी झूठी और बेबुनियाद है.

मुख्यमंत्री ने कहा कि CMIE लाभ कमाने के लिए बनाई गई निजी स्वामित्व वाली कंपनी है , जिसके निर्णय को निष्पक्ष एवं पारदर्शी नहीं कहा जा सकता.  CMIE. की सर्वे रिपोर्ट रोजगार क्षमता, कार्यबल और श्रम शक्ति पर आधारित नहीं है. 

रिपोर्ट रोजगार क्षमता, कार्यबल और श्रम शक्ति पर आधारित नहीं

 मनोहर लाल ने कहा कि  CMIE के सर्वेक्षण में डिजाइन, आकार, डेटा , प्रश्नावली इत्यादि की अनेक गलतियां हैं. एक तो CMIE की सर्वे रिपोर्ट रोजगार क्षमता, कार्यबल और श्रम शक्ति पर आधारित नहीं है. दूसरा इसकी सर्वे रिपोर्ट में कुल घरों का केवल 0.028 प्रतिशत शामिल किया गया है, जो पूरी तस्वीर पेश करने के लिए पर्याप्त नहीं है. 
इस सर्वे रिपोर्ट में 70 प्रतिशत शहरी और 30 प्रतिशत ग्रामीण परिवारों को शामिल किया गया है, जोकि हरियाणा के भौगोलिक और जनसांख्यिकी परिवेश के विपरीत है, क्योंकि हमारे यहां 65 प्रतिशत आबादी ग्रामीण क्षेत्र में और 35 प्रतिशत शहरी इलाकों में रहती है !
रिपोर्ट में बेरोजगारी दर की गणना करने वाले प्रश्न नहीं 

मनोहर लाल ने कहा कि इस सर्वे रिपोर्ट में बेरोजगारी दर की गणना करने वाले प्रश्नों को शामिल ही नहीं किया गया है. इसके अलावा  इस सर्वे रिपोर्ट में छात्रों और सेवानिवृत्त लोगों को भी शामिल किया गया है , जो कि एक अन्य बड़ी गलती है.
मुख्यमंत्री ने कहा कि नागरिक संसाधन सूचना विभाग द्वारा चलाई जा रही महत्वकांक्षी योजना परिवार पहचान पत्र के तहत प्रदेश के लगभग प्रत्येक परिवार का पंजीकरण हो चुका है, जिसमें लोगों ने स्वयं बेरोजगारी को घोषित किया है जो केवल 6 प्रतिशत है.

सीएम ने पूछा कि जब प्रदेश के लोग स्वयं बेरोजगारी दर को घोषित कर रहे हैं तो विपक्ष के नेता किस आधार पर बोल रहे हैं कि हरियाणा में बेरोजगारी दर बढ़ रही है. यह दर्शाता है कि वह केवल झूठी राजनीति कर रहे हैं.
हरियाणा में  8 लाख 80 हजार युवाओं में से केवल 2 लाख 30 हजार उम्मीदवारों को सक्षम युवा योजना के लिए अनुमोदित किया गया है, जोकि नौकरी की तलाश करने वाले युवाओं की संख्या का बेहतर अनुमान है. 

 बाकी आरोपों का भी दिया खुलकर जवाब 

भूपेंद्र सिंह हुड्डा द्वारा दिए गए बयान कि महम में बनने वाला एयरपोर्ट प्रोजेक्ट हरियाणा से बाहर चला गया है, इस पर मुख्यमंत्री  मनोहर लाल ने उन पर निशाना साधा. उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार ने अपने शासनकाल के दौरान महम में एयरपोर्ट बनाने के लिए नागरिक उड्डयन मंत्रालय को प्रस्ताव भेजा था, जिसके लिए महम में जमीन चिन्हित की गई थी, लेकिन नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने इस प्रस्ताव को कभी मंजूरी ही नहीं दी, क्योंकि महम का प्रस्तावित एयरपोर्ट दिल्ली एयरपोर्ट के बहुत नजदीक था और यह प्लेन के लैंडिंग रूट के बीच आ रहा था. इन्हीं तकनीकी कारणों की वजह से मंत्रालय ने कभी इस परियोजना को मंजूर ही नहीं किया. 

सीएम मनोहर लाल ने कहा कि जब कोई प्रोजेक्ट मंजूर ही नहीं हुआ, उसके लिए कोई भूमि अधिग्रहण ही नहीं की गई तो किस आधार पर विपक्ष के नेता झूठी बयानबाजी कर रहे हैं.राज्य सरकार हिसार को इंटीग्रेटिड एविएशन हब के रूप में विकसित कर रही है, जिसमें एविएशन संबंधित अनेक गतिविधियों को बढ़ाया जाएगा. इनमें विमानन प्रशिक्षण, सिम्युलेटर प्रशिक्षण, मरम्मत सुविधा, रक्षा एयरोस्पेस विनिर्माण तथा एयर कार्गो पोर्ट इत्यादि की सुविधाएं शामिल होंगी.  

हरियाणा में रेल कोच फैक्ट्री के निर्माण के संबंध में भूपेंद्र सिंह हुड्डा द्वारा दिए गए बयान पर मनोहर लाल ने कहा कि रेल कोच फैक्ट्री का निर्माण रेलवे विकास निगम लिमिटेड द्वारा बरही (गन्नौर), जिला सोनीपत में किया जा रहा है और इसका कार्य प्रगति पर है. यह दिसंबर 2021 में पूरा हो जाएगा.

 

 

Delhi में स्कूल कब खुलेंगे? सीएम Arvind Kejriwal ने दिया जवाब

 दिल्ली सीएम अरविंद केजरीवाल ने कहा कि कोरोना वैक्सीनेशन पूरा होने तक राजधानी में स्कूल नहीं खोले जाएंगे. दिल्ली सरकार का कहना है कि हम कोरोना के संभावित तीसरी लहर का अंतरराष्ट्रीय ट्रेंड देख रहे हैं कि तीसरी लहर आने की संभावना है.


 देश की राजधानी दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल ने फिलहाल स्कूलों को वापस खोलने की किसी भी योजना से साफ इनकार कर दिया है. उन्होंने कहा कि, 'जब तक राजधानी में कोरोना वैक्सीनेशन की प्रक्रिया पूरी नहीं हो जाती, तब तक कोई खतरा मोल नहीं लिया जा सकता है.'

'तीसरी लहर के अंतरराष्ट्रीय ट्रेंड पर नजर'

सीएम केजरीवाल ने गुरुवार को कहा, 'हम कोरोना के संभावित तीसरी लहर का अंतरराष्ट्रीय ट्रेंड देख रहे हैं कि तीसरी लहर आने की संभावना है. इसलिए जब तक वैक्सीनेशन की प्रक्रिया पूरी नहीं हो जाती है, तब तक हम बच्चों के साथ कोई खतरा मोल नहीं ले सकते हैं.' इसके साथ ही सीएम केजरीवाल ने पश्चिम विहार स्थित पालीक्लिनिक पर न्यूमोकोकल कोंजूगेट वैक्सीन का आरंभ किया. 

बच्चों को लगाए जाएगी न्यूमोकोकल वैक्सीन

सीएम ने कहा कि बच्चों को न्यूमोनिया, मैनिनजाइटिस, सेप्सिस आदि कई गंभीर बीमारियों से बचाने के लिए दिल्ली में न्यूमोकोकल वैक्सीन (Pneumococcal Vaccine) लगना शुरू हो गया है. यह टीका बहुत महंगा है, पर सभी सरकारी अस्पतालों और डिस्पेंसरी में यह टीका मुफ्त लगेगा. वहीं दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन ने कहा कि बच्चों को गंभीर बीमारियों और मौत के खतरे से बचाने के लिए दिल्ली सरकार आज से 600 केंद्रों पर मुफ्त में यह कार्यक्रम शुरू कर रही है.

न्यूमोनिया जैसे बीमारी से सुरक्षित होंगे बच्चे

उन्होंने बताया कि अभी तक दिल्ली में 12 बीमारियों के टीके बच्चों को लगाए जाते हैं. आज से यह न्यूमोनिया के लिए टीका लगाया जा रहा है. 5 साल से कम उम्र के बच्चों की निमोनिया की वजह से मृत्यु हो जाया करती थी. अब यह जो नए किस्म की वैक्सीन आई है, इसके लगने के बाद न्यूमोनिया की वजह से बच्चों की मृत्यु नहीं हुआ करेगी. यह वैक्सीन केवल न्यूमोनिया नहीं, बल्कि मैनिनजाइटिस समेत कई बीमारियों से बच्चों की सुरक्षा करेगा.

पंजाब कांग्रेस दो फाड़ की कगार पर, सिद्धू के बाद कैप्टन ने भी अपने करीबी मंत्रियों-सांसदों की बुलाई आपात बैठक

पंजाब में विधानसभा चुनाव से पहले सत्तारुढ़ पार्टी कांग्रेस में जारी तनातनी खत्म होने का नाम नहीं ले रही है. अब नवजोत सिंह सिद्धू के प्रदेश अध्यक्ष केतौर पर ताजपोशी से पहले पंजाब कांग्रेस दो-फाड़ होने की कगार पर पहुंच गया है. 

 
पंजाब में सत्तारुढ़ कांग्रेस पार्टी में जारी किचकिच खत्म होने का नाम नहीं ले रही है. नवजोत सिंह सिद्धू  को पंजाब कांग्रेसका अध्यक्ष बनाए जाने की खबर पर मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह की नाराजगी के बाद सिद्धू खेमा अलर्ट हो गया है.

अब नवजोत सिंह सिद्धू के प्रदेश अध्यक्ष के तौर पर ताजपोशी से पहले पंजाब कांग्रेस दो-फाड़ होने की कगार पर पहुंच गया है. अगर मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह खेमे ने आलाकमान पर सिद्धू की ताजपोशी रोकने का बनाया दबाव तो ऐसे में आगे की रणनीति सिद्धू खेमे के द्वारा तैयार की जा रही है. 

चंडीगढ़ में सिद्धू के साथ 5 मंत्रियों और करीब 10 विधायकों की अहम बैठक हो रही है. चंडीगढ़ के सेक्टर-39 स्थित पंजाब के कैबिनेट मंत्री और कैप्टन विरोधीसुखजिंदर सिंह रंधावा के घर बैठक जारी !

कैप्टन अमरिंदर की भी आपात बैठक

सूत्रों के मुताबिक अगर कैप्टन अमरिंदर सिंह के दबाव में नवजोत सिंह सिद्धू को आलाकमान पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष का पद नही देता है तो ऐसे में आगे की रणनीति तय की जा रही है. नवजोत सिंह सिद्धू भी खुद चंडीगढ़ में जारी इस बैठक में शामिल हैं.समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक इस बीच पंजाब के मुख्यमंत्री के मीडिया सलाहकार रवीन ठुकराल ने कहा कि पंजाब के सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह के इस्तीफे की खबर निराधार हैं. उन्होंने न तो इस्तीफा दिया है और न ही ऐसा करने की पेशकश की है. वह 2022 के विधानसभा चुनावों में पंजाब कांग्रेस को जीत दिलाएंगे जैसा किउन्होंने 2017 में किया था !

Wednesday, 7 July 2021

दिलीप कुमार के अंतिम दर्शन के लिए पहुंचे अमिताभ बच्चन और अभिषेक बच्चन, सुपुर्दे खाक हुए 'ट्रेजडी किंग'

दिलीप कुमार को मुंबई के सांताक्रूज कब्रिस्तान में सुपुर्दे खाक कर दिया गया है. उनके अंतिम दर्शन के लिए यहां अमिताभ बच्चन और अभिषेक बच्चन मौजूद थे !

 

हिंदी सिनेमा के दिग्गज कलाकार दिलीप कुमार ने आज इस दुनिया को अलविदा कह दिया है. 98 वर्ष की उम्र में दिलीप कुमार का निधन मुंबई के हिंदुजा अस्पताल में हुआ. दिलीप कुमार के निधन की खबर सुनकर पूरे बॉलीवुड में शोक की लहर दौड़ गई. धर्मेंद्र, रणबीर कपूर, शाहरुख खान, विद्या बालन और अनुपम खेर जैसे दिग्गज सितारे सायरा बानो से मिलने उनके घर आए और दिलीप साब के अंतिम दर्शन किए. दिलीप कुमार को मुंबई के सांताक्रूज कब्रिस्तान में सुपुर्दे खाक कर दिया गया है. उनके अंतिम दर्शन के लिए यहां अमिताभ बच्चन और अभिषेक बच्चन मौजूद थे. 

 

ICC ODI Ranking: विराट ने बरकरार रखी अपनी पायदान, केएल राहुल को मिला प्रोमोशन

शीर्ष भारतीय तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह शीर्ष 10 में शामिल हैं और वह भी एक पायदान खिसककर छठे नंबर पर पहुंच गये हैं जबकि रविंद्र जडेजा आल राउंडरों की सूची में नौंवे स्थान पर हैं. इंग्लैंड के ऑलराउंडर क्रिस वोक्स श्रीलंका के खिलाफ तीन मैचों की आईसीसी पुरूष क्रिकेट विश्व कप सुपर लीग सीरीज में शानदार प्रदर्शन की बदौलत अपने करियर की सर्वश्रेष्ठ तीसरीं रैंकिंग पर पहुंचे.

 

भारतीय कप्तान विराट कोहली (Virat Kohli) ने ताजा आईसीसी (ICC) टी20 अंतरराष्ट्रीय रैंकिंग में अपना पांचवां स्थान बरकरार रखा, जबकि विकेटकीपर बल्लेबाज केएल राहुल एक पायदान के फायदे से छठे स्थान पर पहुंच गये, कोहली के 762 अंक हैं और वह इंग्लैंड के डेविड मलान (888 अंक), ऑस्ट्रेलिया के सफेद गेंद के कप्तान एरॉन फिंच (830 अंक), पाकिस्तान के कप्तान बाबर आजम (828 अंक) और न्यूजीलैंड के सलामी बल्लेबाज डेवोन कोनवे (774 अंक) से पीछे हैं.

राहुल 743 अंक से छठे स्थान पर हैं और ऑस्ट्रेलिया के आल राउंडर ग्लेन मैक्सवेल एक पायदान की छलांग से सातवें स्थान पर पहुंच गये हैं. राहुल और कोहली शीर्ष 10 में शामिल दो भारतीय बल्लेबाज हैं. कोई भी भारतीय खिलाड़ी टी20 अंतरराष्ट्रीय रैंकिंग की गेंदबाजों और ऑलराउंडर की शीर्ष 10 सूची में शामिल नहीं है. वनडे रैंकिंग में कोहली और उप कप्तान रोहित शर्मा शीर्ष पांच में बने हुए हैं और आजम के बाद क्रमश: दूसरे और तीसरे स्थान पर काबिज हैं.


 

 


नरेंद्र मोदी कैबिनेट का बड़ा विस्‍तार, 15 कैबिनेट और 28 राज्‍य मंत्रियों ने ली शपथ

 

कैबिनेट में शामिल नए मंत्रियों में नारायण राणे, सर्वानंद सोनोवाल, वीरेंद्र कुमार, ज्‍योतिरादित्‍य सिंधिया और पशुपति कुमार पारस प्रमुख हैं !


 

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की कैबिनेट को 'नया रूप' दिया गया है. राष्‍ट्रपति भवन के अशोक हाल में बुधवार को हुए कैबिनेट विस्‍तार में  15 कैबिनेट और 28  राज्‍य मंत्रियों ने शपथ ली है. कैबिनेट फेरबदल में जहां कई नए मंत्री बनाए गए हैं, वहीं अब तक अच्‍छा प्रदर्शन करने वाले मंत्रियों को 'प्रमोट' भी किया गया है. कैबिनेट में शामिल नए मंत्रियों में नारायण राणे, सर्वानंद सोनोवाल, वीरेंद्र कुमार, ज्‍योतिरादित्‍य सिंधिया और पशुपति कुमार पारस प्रमुख हैं. किरेन रिजीजू, हरदीप सिंह पुरी और मनसुख मंडाविया सहित कुछ मंत्रियों को राज्‍य मंत्री (स्‍वतंत्र प्रभार) से प्रमोट करते हुए कैबिनेट मंत्री का दर्जा दिया गया है. 

राष्‍ट्रपति रामनाथ कोविंद की ओर से कार्यक्रम की शुरुआत की इजाजत दिए जाने के बाद सबसे पहले राज्‍यसभा सांसद नारायण राणे ने कैबिनेट मंत्री के तौर पर शपथ ली जो महाराष्‍ट्र के सीएम का पद संभाल चुके हैं. वे पहले शिवसेना में थे, बाद में कांग्रेस से होते हुए वे बीजेपी में शामिल हो गए. राणे के बाद सर्वानंद सोनोवाल ने कैबिनेट मंत्री के रूप में शपथ ग्रहण की, खास बात यह है कि वे भी असम के सीएम का पद संभाल चुके है. सोनोवाल, मोदी सरकार के पहले कार्यक्रम में खेल मंत्री संभाल चुके हैं. इससे बाद बारी थी डॉ वीरेंद्र कुमार (कैबिनेट मंत्री ) की जो मध्‍यप्रदेश की टीकमगढ़ सीट से बीजेपी सांसद हैं. मध्‍य प्रदेश के एक अन्‍य सांसद (राज्‍यसभा) ज्‍योतिरादित्‍य सिंधिया ने इसके बाद कैबिनेट मंत्री के रूप में शपथ ग्रहण की, वे कांग्रेस ने पिछले वर्ष ही बीजेपी में शामिल हुए हैं और उनकी गिनती एमपी के कद्दावर नेताओं में होती है. ज्‍योतिरादित्‍य सिंधिया, मनमोहन सिंह सरकार में भी मंत्री रह चुके हैं. बिहार के रामचंद्र प्रसाद सिंह (कैबिनेट मंत्री ) ने भी शपथ ग्रहण की. अटल बिहारी वाजपेयी के निजी सचिव रहे अश्विन वैष्‍णव ने कैबिनेट मंत्री के तौर पर शपथ ली, वे ओडिशा से बीजेपी के राज्‍यसभा सांसद हैं. रामचंद्र प्रताप सिंह और अश्विनी वैष्‍णव प्रशासनिक अधिकारी रहे हैं. NDA के सहयोगी दल लोक जनशक्ति पार्टी के पशुपति पारस ने इसके बाद कैबिनेट मंत्री के तौर पर शपथ ली, पशुपति और उनके भतीजे चिराग पासवान की बीच एलजेपी का अंदरूनी कलह हाल ही में सुर्खियों में रहा है. बिहार की नीतीश कुमार सरकार में भी वे मंत्री रह चुके हैं. 

इसके बाद किरेन रिजीजू ने शपथ ली, उन्‍हें राज्‍य मंत्री (स्‍वतंत्र प्रभार) से पदोन्‍नत करके कैबिनेट मंत्री बनाया गया है. इसके बाद बिहार के ही आरके सिंह ने शपथ ली. उन्‍होंने भी राज्‍य मंत्री (स्‍वतंत्र प्रभार) से पदोन्‍नत करके कैबिनेट मंत्री बनाया गया. वे गृह सचिव भी रह चुके हैं. हरदीप सिंह पुरी ने इसके बाद शपथ ली, इन्‍हें भी राज्‍य मंत्री (स्‍वतंत्र प्रभार) से पदोन्‍नत करके कैबिनेट मंत्री बनाया गया. ये भी इंडियन फॉरेन सर्विस में सेवाएं दे चुके हैं. इसके बाद बारी थी मनसुख मंडाविया की, इन्‍हें भी अच्‍छे परफॉर्मेंस के कारण प्रमोट करके कैबिनेट मंत्री बनाया गया है. 12वें नंबर पर बीजेपी सांसद भूपेंद्र यादव ने इसके बाद कैबिनेट मंत्री के रूप में शपथ ली, इससे पहले वे संगठन में अहम जिम्‍मेदारी संभालते आए हैं. 13वें नंबर पर गुजरात से प्रमुख बीजेपी नेता पुरषोत्‍तम रुपाला ने शपथ ली, जिन्‍हें राज्‍य मंत्री (स्‍वतंत्र प्रभार) से पदोन्‍नत करके कैबिनेट मंत्री बनाया गया. 14वें नंबर पर तेलंगाना से बीजेपी सांसद जी किशन रेड्डी ने शपथ ली, जिन्‍हें प्रमोट करके कैबिनेट मंत्री बनाया गया  है.इसके बाद हिमाचल से सांसद अनुराग ठाकुर ने शपथ ली, जो अभी वित्‍त राज्‍य मंत्री थे जिन्‍हें प्रमोट करके कैबिनेट मंत्री बनाया गया है.   यूपी से लोकसभा सांसद पंकज चौधरी ने राज्‍यमंत्री के रूप में शपथ ली, वे महाराजगंज सीट से बीजेपी सांसद हैं. 17वें नंबर पर अपना दल की अनुप्रिया पटेल ने राज्‍यमंत्री के तौर पर शपथ ली, वे मोदी सरकार के पहले कार्यकाल में भी मंत्री रह चुकी हैं. 18वें नंबर पर एसपीसिंह बघेल ने राज्‍यमंत्री के तौर पर शपथ ली. वे यूपी सरकार में भी मंत्री रह चुके हैं. कर्नाटक से राजीव चंद्रशेखर ने राज्‍यमंत्री के तौर पर शपथ ली. वे संसद में बेहद मुखरता से मुद्दे उठाते रहे हैं और कई संसदीय समिति के सदस्‍य रह चुके हैं. 20वें नंबर पर कर्नाटक की एक अन्‍य सांसद शोभा करलांदजे ने राज्‍यमंत्री के तौर पर शपथ ली.

21वें नंबर पर यूपी के बुंदेलखंड क्षेत्र से भानुप्रताप वर्मा ने राज्‍यमंत्री के तौर पर शपथ ली. वे यूपी के जालौन से बीजेपी सांसद है और पांचवीं बार लोकसभा चुनाव जीता है.  22वें नंबर पर सूरत से आने वाली दर्शना विक्रम ने राज्‍यमंत्री के तौर पर शपथ ली, वे ओबीसी समुदाय से आती हैं, बीजेपी महिला मोर्चा में कई पद संभाल चुकी हैं. 23वें नंबर पर दिल्‍ली की सांसद मीनाक्षी लेखी ने राज्‍यमंत्री के तौर पर शपथ ली. दिल्‍ली से बीजेपी सांसद डॉक्‍टर हर्षवर्धन को हटाए जाने के बाद उन्‍हें मंत्री बनाकर 'संतुलन' साधा गया है.  वे सुप्रीम कोर्ट की बड़ी वकील हैं. वो लगातार दूसरी बार नई दिल्ली लोकसभा सीट से सांसद हैं. 24वें नंबर पर अन्‍नपूर्णा देवी ने राज्‍य मंत्री के तौर पर शपथ ली. वे झारखंड के कोडरमा से लोकसभा सांसद हैं. झारखंड सरकार में भी मंत्री पद संभाल चुकी हैं. 25वें नंबर पर ए नारायणस्‍वामी ने शपथ ली, ये अनुसूचित जाति से आते हैं. 26वें नवंबर पर यूपी की मोहनलाल गंज सीट से सांसद कौशल किशोर ने राज्‍य मंत्री के तौर पर शपथ ग्रहण की. 26वें नवंबर पर यूपी की मोहनलाल गंज सीट से सांसद कौशल किशोर ने राज्‍य मंत्री के तौर पर शपथ ग्रहण की. उत्‍तराखंड से अजय भट्ट ने इसके बाद राज्‍यमंत्री के तौर शपथ ली, वे नैनीताल सीट से बीजेपी सांसद है, कद्दावर नेता हरीश रावत को हराया था. उत्‍तराखंड सरकार मे भी मंत्री पद संभाल चुके हैं. 28वें नंबर पर यूपी से सांसद बीएल वर्मा ने राज्‍य मंत्री के रूप में शपथ ली. संघ से जुड़े रहे हैं और यूपी के पूर्व सीएम कल्‍याण सिंह के करीबी माने जाते हैं. 29वें नंबर पर अजय कुमार मिश्रा ने शपथ  ली, जो यूपी की खीरी सीट से लगातार दूसरी बार सांसद बने हैं. 30वें नंबर पर देवूसिेंह चौहान ने राज्‍यमंत्री के रूप में शपथ ली जो गुजरात से खेड़ा से सांसद हैं और ओबीसी वर्ग से आते हैं.31वें नंबर पर भगवंत खुबा ने राज्यमंत्री के तौर पर शपथ ली है. 31वें  स्थान पर कर्नाटक की बीदर लोकसभा सीट से दूसरी बार सांसद खुबा ने मैकेनिकल इंजीनियरिंग की पढ़ाई की है.इसके बाद महाराष्ट्र से कपिल मोरेश्वर पाटिल ने राज्‍य मंत्री के तौर पर शपथ ली. उन्होंने सरपंच के तौर पर अपना राजनीतिक करियर शुरू किया था. वो वर्ष 2014 में एनसीपी को छोड़कर बीजेपी में आए थे !

33वें नंबर पर त्रिपुरा पश्चिम से सांसद प्रतिमा भौमिक ने राज्यमंत्री के तौर पर शपथ ली. उन्होंने वहां लंबे समय से त्रिपुरा में सत्तासीन रहे वामदलों के खिलाफ सक्रियता से कार्य कर बीजेपी की जीत में अहम योगदान दिया था. वो त्रिपुरा से पहली केंद्रीय मंत्री हैं. वो पूर्वोत्तर से 5वीं केंद्रीय मंत्री हैं.34वें नंबर पर पश्चिम बंगाल से सुभाष सरकार ने भी राज्यमंत्री के तौर पर शपथ ली. वो पहली बार लोकसभा सांसद बने हैं. सुभाष पेशे से डॉक्टर हैं और मेदिनीपुर से ताल्लुक रखते हैं. वो पश्चिम बंगाल की बांकुरा सीट से सांसद हैं. 35वें नंबर पर महाराष्ट्र से राज्यसभा सांसद भागवत कराड ने भी राज्य मंत्री के तौर पर शपथ ली. वो 2020 से राज्यसभा सांसद हैं.36वें स्थान पर मणिपुर से ताल्लुक रखने वाले आरके रंजन सिंह ने अंग्रेजी में राज्यमंत्री के तौर पर शपथ ली. वो इनर मणिपुर लोकसभा सीट से सांसद हैं. मणिपुर में अगले साल लोकसभा चुनाव हैं.37वें स्थान पर महाराष्ट्र के खानदेश से ताल्लुक रखने वाली भारती पवार को राज्य मंत्री बनाया गया है. वो पेशे से डॉक्टर हैं औऱ डिंडोली लोकसभा सीट से पहली बार सांसद बनी हैं. आदिवासी समुदाय से आती हैं.38वें स्थान पर ओडिशा से विश्‍वेश्‍वर टुडू ने राज्‍य मंत्री के तौर पर शपथ ली. मयूरभंज सीट से लोकसभा सांसद हैं.ओडिशा से ताल्लुक रखने वाले वो तीसरे मंत्री हैं. 39वें नंबर पर शांतनु ठाकुर ने अंग्रेजी में राज्‍य मंत्री के तौर पर शपथ ली. मतुआ समुदाय से संबंध रखते हैं. बंगाल की बनगांव सीट से पहली बार सांसद चुने गए हैं. गुजरात से मुंजपारा महेंद्र भाई ने राज्य मंत्री के तौर पर शपथ ली. दो रुपये फीस लेकर आठ लाख से ज्यादा मरीजों का इलाज कर चुके महेंद्र भाई काफी लोकप्रिय हैं. वो ओबीसी समुदाय से आते हैं. गुजरात से ताल्लुक रखने वाले वो पांचवें मंत्री हैं.41वें नंबर पर पश्चिम बंगाल के अलीपुर द्वार लोकसभा सीट से सांसद जॉन बारला ने भी राज्य मंत्री के तौर पर शपथ ली. 14 साल की उम्र में चाय बागान में मजदूर के तौर पर उन्होंने काम किया था. चाय बागान मजदूरों के अधिकारों के लिए उन्होंने लड़ाई लड़ी. वो ईसाई समुदाय से आते हैं.42 वें नंबर पर  तमिलनाडु से डॉ. एल मुरुगन ने राज्य मंत्री के तौर पर शपथ ली. 44 साल के मुरुगन ने मद्रास हाईकोर्ट में 15 साल तक वकालत की है और वरिष्ठ अधिवक्ता रहे हैं.आखिरी यानी 43वें नंबर पर नितीश प्रभाणिक ने राज्‍य मंत्री के तौर पर शपथ ली. पश्चिम बंगाल की कूच बिहार सीट से पहली बार सांसद चुने गए हैं.उन्‍होंने अंग्रेजी में शपथ ली.     

Monday, 5 July 2021

प्रणब मुखर्जी के बेटे अभिजीत कांग्रेस छोड़ TMC में शामिल, बहन शर्मिष्ठा ने लिखा- SAD

वरिष्ठ कांग्रेस नेता अभिजीत मुखर्जी  ने पार्टी छोड़ दी है. आज कोलकाता में अभिजीत मुखर्जी तृणमूल कांग्रेस में शामिल हो गए ! अभिजीत मुखर्जी देश के पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी के बेटे हैं !


 

आज कोलकाता में आयोजित एक कार्यक्रम में अभिजीत मुखर्जी ने टीएमसी नेता पार्था चटर्जी की मौजूदगी टीएमसी की सदस्यता ग्रहण की. पार्था चटर्जी ने कहा किअभिजीत मुखर्जी ने टीएमसी में शामिल होने की इच्छा जताई थी. उन्होंने ये विचार अभिषेक बनर्जी के पास व्यक्त किया था और आज वह टीएमसी में शामिल हो गए हैं.पार्था चटर्जी ने कहा कि हम पार्टी में अभिजीत मुखर्जी का स्वागत करते हैं.

 बीजेपी मुक्त वातावरण बनाने में मदद करेंगे-पार्था

टीएमसी नेता ने कहा कि हमें उम्मीद है कि अपने पारिवारिक विरासत को लेकर आ रहे अभिजीत मुखर्जी देश मे बीजेपी मुक्त वातावरण बनाने में मदद करेंगे. इस दौरान सुदीप बंदोपाध्याय भी मौजूद रहे. उन्होंने अभिजीत मुखर्जी को स्टॉल ओढ़ाकर उनका स्वागत किया. 

ममता दीदी और अभिषेक का शुक्रिया-अभिजीत

इस दौरान अभिजीत मुखर्जी ने कहा कि काफी पहले एक युवा के तौर पर वे अपने माता-पिता के साथ पार्था चटर्जी से मिले इस मौके पर अभिजीत मुखर्जी ने सीएम ममता बनर्जी और अभिषेक बनर्जी को धन्यवाद दिया. उन्होंने कहा कि मैं दीदी और अभिषेक के निर्देश पर यहां आया हूं.  

पापमोचिनी एकादशी की यहां पढ़ें पावन व्रत कथा, च्यवन ऋषि के पुत्र मेधावी और अप्सरा से जुड़ी है कहानी

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, भगवान विष्णु को समर्पित एकादशी व्रत रखने से सुख-समृद्धि और वैभव की प्राप्ति होती है। हिंदू पंचांग के अनुसार, च...